वाराणसी। इन दिनों जिला प्रशासन पूरी मुस्तैदी के साथ कोरोना महामारी से बचने के लिए लगा हुआ है।  इसी कड़ी में जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने सामुदायिक एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों तथा ऐसे अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी जो ड्यूटी में लापरवाही बरत रहे हैं, उन्हें उनके कार्यों से हटा कर उनकी ड्यूटी पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय चिकित्सालय में लगाए जाने का मुख्य चिकित्सा अधिकारी को निर्देश दिया है। इसके अलावा उन्होंने फील्ड में ड्यूटी  करने से हिलाहवाली करने वाले डॉक्टरों की भी ड्यूटी पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय चिकित्सालय में लगाए जाने का निर्देश दिया।

उन्होंने विशेष रूप से जोर देते हुए कहा कि मरीजों के इलाज में किसी भी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कोनिया एवं बजरडीहा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी चिकित्सा अधिकारी को बैठक से गायब रहने पर गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए उन्होंने आज एक दिन का वेतन अदेय करते हुए कारण बताओ नोटिस जारी जवाब-तलब किया है कि क्यों न उनके विरुद्ध महामारी अधिनियम के तहत कड़ी कार्रवाई किया जाए।  मुख्य चिकित्सा अधिकारी को निर्देशित करते हुए कहा कि रोजाना शाम 4:30 बजे तक उपलब्ध कराए जाने वाले दैनिक रिपोर्ट उपलब्ध न करा पाने वाले प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों को चिन्हित कर उनके प्रभारियों के विरुद्ध कार्रवाई किया जाए। जिलाधिकारी ने 5 से 15 जुलाई तक तथा वर्तमान में 29 जुलाई से चलाए जा रहे घर-घर जाकर किए गए सर्वे के दौरान इंफूलेंजायुक्त बीमार तथा रक्तचाप, शुगर, हृदय एवं किडनी रोग से पीड़ित पाए गए मरीजों से तत्काल संपर्क कर एक सप्ताह के अंदर उनका मुकम्मल इलाज सुनिश्चित किए जाने का निर्देश दिया। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि इन मरीजों में गंभीर रूप से बीमार लोगों को आवश्यकतानुसार चिकित्सालयों में भर्ती भी कराया जाए। इसमें किसी भी प्रकार की शिथिलता न बरती जाए। इन मरीजों में कोरोना से संबंधित लक्षण होने पर उनके तथा उनके निकट के लोगों का तत्काल एंटीजन कीट के माध्यम से सैम्पलिंग किया जाए।

जिलाधिकारी ने कोरोना सैम्पलिंग बढ़ाए जाने पर विशेष जोर देते हुए कहां कि पॉजिटिव मरीज के कांटेक्ट ट्रेसिंग के शत- प्रतिशत लोगों सहित सांस लेने में तकलीफ वाले तथा इनफूलेंजा लक्षण वाले लोगों की हर हालत में सैम्पलिंग सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने रैपिड रिस्पांस टीम के लोगों को पॉजिटिव मरीजों के यहां विलंब से पहुंचे जाने की जानकारी पर गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए कड़े निर्देश दिए कि पॉजिटिव मरीजों के घरों पर रैपिड रिस्पांस टीम के लोग प्रत्येक दशा में 24 घंटे के अंदर पहुंचना सुनिश्चित करें। उन्होंने कोविड कार्य में डॉक्टरों की कमी को तत्काल पूरा किए जाने हेतु एमबीबीएस डॉक्टरों के लिए वॉक इन इंटरव्यू सुनिश्चित कर डॉक्टरों की तत्काल कमी पूरा किए जाने का मुख्य चिकित्सा अधिकारी को निर्देश दिया। बैठक में अपर जिलाधिकारी लेकर (वित्त एवं राजस्व), मुख्य चिकित्सा अधिकारी, सभी अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी, नोडल अधिकारी सहित अन्य विभागीय अधिकारी प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।

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